
gmedianews24.com/ श्रीकाकुलम (आंध्र प्रदेश) : आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम जिले के कासीबुग्गा कस्बे में बने वेंकटेश्वर मंदिर में शनिवार सुबह हुई भीषण भगदड़ में 10 श्रद्धालुओं की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए।
यह हादसा 1 नवंबर की सुबह करीब 11:30 बजे उस वक्त हुआ जब भारी संख्या में श्रद्धालु गर्भगृह की ओर चढ़ रहे थे।
‘चिन्ना तिरुपति’ कहा जाने वाला मंदिर
यह मंदिर चार महीने पहले ही खोला गया था और इसे प्रसिद्ध तिरुमला वेंकटेश्वर मंदिर की तर्ज पर बनाया गया है।
इसी कारण स्थानीय लोग इसे ‘चिन्ना तिरुपति’ (मिनी तिरुपति) के नाम से जानते हैं।
मंदिर में सामान्य दिनों में 1,500 से 2,000 श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं, लेकिन एकादशी और कार्तिक मास के अवसर पर शनिवार को असामान्य रूप से भीड़ बढ़ गई थी।
एक ही गेट बना हादसे की बड़ी वजह
मंदिर निजी स्वामित्व में है और एंडोमेंट्स विभाग के अधीन नहीं आता।
स्थानीय व्यक्ति हरिमुकुंद पांडा ने अपनी निजी जमीन पर भगवान वेंकटेश्वर का यह भव्य मंदिर बनवाया है।
बताया जा रहा है कि मंदिर में प्रवेश और निकास का सिर्फ एक ही गेट है, जिससे श्रद्धालुओं की भीड़ अंदर-बाहर होने में अराजकता फैल गई और भगदड़ मच गई।
मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू का बयान
मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया और कहा —
“अगर आयोजकों ने पुलिस को पहले से सूचना दी होती, तो भीड़ नियंत्रण की व्यवस्था की जा सकती थी। यह हादसा बेहद दुखद है।”
उन्होंने जिला प्रशासन को घायलों के उपचार और पीड़ित परिवारों को त्वरित सहायता देने के निर्देश दिए हैं।
हादसे की तीन तस्वीरें वायरल
स्थानीय सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर हादसे की तीन तस्वीरें वायरल हो रही हैं, जिनमें दर्शन के लिए उमड़ी भारी भीड़ और भगदड़ के बाद का भयावह दृश्य देखा जा सकता है।
कई श्रद्धालु जमीन पर गिरे हुए हैं, जबकि राहत दल घायलों को बाहर निकालने में जुटे हैं।







