
.gmedianews24.com/पटना। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण का नामांकन शुरू हो चुका है, लेकिन एनडीए (NDA) में सीट बंटवारे को लेकर अब भी स्थिति साफ नहीं हो पाई है। एक ओर चिराग पासवान और जीतन राम मांझी की मांगें भाजपा के लिए सिरदर्द बनी हुई हैं, वहीं आरएलएम (RLM) प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा के एक ट्वीट ने सियासी हलचल और तेज कर दी है।
कुशवाहा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा— “इधर-उधर की खबरों पर मत जाइए। वार्ता अभी पूरी नहीं हुई है। इंतजार कीजिए! मीडिया में कैसे खबर चल रही है, मुझको नहीं पता। अगर कोई खबर प्लांट कर रहा है तो यह छल है, धोखा है। आप लोग ऐसे ही सजग रहिए।”
भाजपा बैठकों से तय होगी रणनीति
भाजपा सूत्रों के अनुसार, शनिवार को केंद्रीय चुनाव समिति और रविवार को संसदीय बोर्ड की बैठक प्रस्तावित है। इन बैठकों के बाद उम्मीदवारों की सूची पर अंतिम मुहर लग जाएगी। उससे पहले सीट शेयरिंग पर भी औपचारिक घोषणा होने की संभावना है।
सूत्रों की मानें तो भाजपा के कई विधायक और भावी प्रत्याशी पहले ही दिल्ली पहुंच चुके हैं और टिकट के दावेदार दिल्ली में डेरा डाले हुए हैं।
NDA के भीतर बढ़ता टकराव
जानकारी के मुताबिक, जेडीयू (JDU) 105 सीटों की मांग पर अड़ी हुई है, जबकि भाजपा के हिस्से में करीब 138 सीटें आने की संभावना जताई जा रही है। वहीं, उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी ने 24 सीटों की मांग रखी है। चिराग पासवान और मांझी की मांगों को लेकर भी समीकरण उलझे हुए हैं।
पवन सिंह और शाहाबाद का गणित
इस बीच चर्चाएं यह भी हैं कि शाहाबाद इलाके में भोजपुरी स्टार और भाजपा प्रत्याशी पवन सिंह का प्रभाव एनडीए को मजबूत कर सकता है। वहीं, औरंगाबाद की छह सीटों पर भी एनडीए नए गठजोड़ और समीकरण के जरिए बढ़त बनाने की रणनीति पर काम कर रहा है।






