
gmedianews24.com/धमतरी। महतारी वंदन योजना का गलत तरीके से लाभ लेने का मामला सामने आया है। खुद को विधवा बताकर योजना का लाभ ले रही एक महिला के खिलाफ उसके पति ने कार्रवाई की मांग की है। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोरर, कांकेर में पदस्थ स्वास्थ्य कर्मचारी राजेंद्र सिन्हा ने कलेक्टर जनदर्शन में आवेदन देकर इस मामले की शिकायत की है।
राजेंद्र सिन्हा ने अपने आवेदन में बताया कि उनकी पत्नी टिकरापारा की निवासी है और पिछले 12–13 वर्षों से अपने मायके में रह रही है। आरोप है कि पत्नी ने महतारी वंदन योजना के आवेदन और शपथ पत्र में गलत जानकारी दी है। आवेदन में यह दर्शाया गया है कि परिवार का कोई भी सदस्य भारत सरकार या राज्य सरकार के किसी शासकीय विभाग, उपक्रम अथवा स्थानीय निकाय में स्थायी, अस्थायी या संविदा पद पर कार्यरत नहीं है, जबकि स्वयं राजेंद्र सिन्हा स्वास्थ्य विभाग में कर्मचारी हैं।
इतना ही नहीं, आवेदन के साथ संलग्न दस्तावेजों में विधवा होने की स्थिति में पति के मृत्यु प्रमाण पत्र पर भी सही का चिन्ह लगाकर योजना का लाभ लिया जा रहा है, जबकि पति जीवित है।
राजेंद्र सिन्हा ने यह भी बताया कि उनकी पत्नी कुटुंब न्यायालय में पति को जीवित बताते हुए भरण-पोषण का दावा कर रही है, जबकि दूसरी ओर स्वयं को विधवा बताकर शासन और न्यायालय दोनों को गुमराह कर रही है। यह आचरण स्पष्ट रूप से विरोधाभासी और कपटपूर्ण है।
उन्होंने आरोप लगाया कि झूठे शपथ पत्र के आधार पर शासन की योजना का लाभ लिया गया है, जो गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है। मामले की गंभीरता को देखते हुए राजेंद्र सिन्हा ने कलेक्टर से मांग की है कि महतारी वंदन योजना का गलत लाभ लेने वाली महिला के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए।




