अनंत चतुर्दशी 2025: भगवान गणेश विसर्जन और अनंत स्वरूप की आराधना का पर्व 6 सितंबर को

gmedianews24.com/हिंदू धर्म में अनंत चतुर्दशी का विशेष महत्व है। यह पर्व भगवान विष्णु के अनंत स्वरूप की पूजा और 10 दिनों तक चलने वाले गणेशोत्सव के समापन का प्रतीक माना जाता है। इस दिन श्रद्धालु भगवान गणेश की प्रतिमाओं का विधिवत विसर्जन करते हैं।
हिंदू पंचांग के अनुसार, भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि इस वर्ष 6 सितंबर को रहेगी। तिथि की शुरुआत 6 सितंबर की देर रात 03:12 बजे से होगी और समापन 7 सितंबर को रात 01:41 बजे होगा। तिथि के अनुसार, अनंत चतुर्दशी 6 सितंबर 2025 को ही मनाई जाएगी।
अनंत चतुर्दशी का महत्व
इस दिन भगवान विष्णु के अनंत स्वरूप की पूजा की जाती है। साथ ही गणेश भक्त उत्सव की समाप्ति पर गणपति बप्पा का विसर्जन कर आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। इसे गणेश विसर्जन के नाम से भी जाना जाता है।
पूजा विधि
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प्रातः स्नान कर भगवान गणेश और भगवान विष्णु की पूजा करें।
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अनंत सूत्र (14 गांठ वाला धागा) को पूजा कर घर के सदस्यों की दाहिनी कलाई (पुरुष) और बाईं कलाई (महिला) में बांधा जाता है।
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भगवान गणेश की प्रतिमा का विधिवत पूजन कर विसर्जन किया जाता है।
अनंत चतुर्दशी पर गणपति बप्पा को विदाई दी जाती है और भक्त ‘गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ’ का जयघोष करते हैं।




