
gmedianews24.com/रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य में आरटीओ ई-चालान से जुड़ी साइबर धोखाधड़ी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। साइबर अपराधी परिवहन विभाग की आधिकारिक वेबसाइट का नकली (क्लोन) पेज तैयार कर आम नागरिकों को ट्रैफिक नियम तोड़ने के नाम पर डराने वाले संदेश भेज रहे हैं। इन संदेशों में दिए गए फर्जी लिंक पर क्लिक करते ही लोगों की निजी जानकारी चोरी हो रही है और बैंक खातों से पैसे साफ किए जा रहे हैं।
यातायात एवं परिवहन विभाग के अधिकारियों ने आम जनता को सतर्क करते हुए अपील की है कि किसी भी अनजान मैसेज, लिंक, एपीके फाइल या निजी मोबाइल नंबर से भेजे गए लिंक पर बिल्कुल क्लिक न करें। ऐसे सभी लिंक पूरी तरह फर्जी हो सकते हैं और साइबर ठगी का माध्यम बन रहे हैं।
केवल आधिकारिक वेबसाइट से करें ई-चालान की जांच व भुगतान
परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि वास्तविक ई-चालान की जानकारी और उसका भुगतान केवल विभाग की आधिकारिक वेबसाइट https://echallan.parivahan.gov.in के माध्यम से ही करें। वेबसाइट पर जाकर “Pay Online” विकल्प पर क्लिक करें, फिर चालान नंबर और कैप्चा कोड भरकर “Get Detail” पर क्लिक करें। इसके बाद मोबाइल पर प्राप्त ओटीपी डालने पर चालान का पूरा विवरण देखा जा सकता है।
पंजीकृत नंबर पर ही आती है सूचना
विभाग के अनुसार, यातायात पुलिस या परिवहन विभाग द्वारा जब भी ई-चालान जारी किया जाता है, उसकी सूचना केवल इसी आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से पंजीकृत मोबाइल नंबर पर ही भेजी जाती है। किसी निजी नंबर, व्हाट्सऐप मैसेज या संदिग्ध लिंक से भेजी गई सूचना पर भरोसा न करें।
फर्जी कॉल और ऐप से रहें सावधान
परिवहन और यातायात विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि कभी भी किसी अजनबी को ऑनलाइन भुगतान न करें और बैंक खाते से जुड़े लेन-देन में पूरी सावधानी बरतें। किसी भी प्रकार के फर्जी कॉल, संदेश या संदिग्ध ऐप की जानकारी तुरंत अपने नजदीकी पुलिस थाने या साइबर सेल में शिकायत के रूप में दर्ज कराएं।







