
gmedianews24.com/बेंगलुरु। कर्नाटक में मुख्यमंत्री पद को लेकर जारी सियासी उठापटक के बीच शनिवार सुबह एक बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम देखने को मिला। CM सिद्धारमैया और डिप्टी CM डीके शिवकुमार ने साथ में ब्रेकफास्ट किया। इस मुलाकात को राजनीतिक हलकों में बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। माना जा रहा है कि लंबे समय से चली आ रही खींचतान का कोई समाधान अब निकल सकता है।
हाईकमान के बुलावे पर दोनों नेताओं को बातचीत का निर्देश
एक दिन पहले CM सिद्धारमैया ने बताया था कि पार्टी हाईकमान ने उन्हें और शिवकुमार को बातचीत के लिए बुलाया था।
उन्होंने कहा—
“हमें आपस में बातचीत करने को कहा है। CM बदलाव पर हाईकमान जो कहेगा, मैं मानूंगा। हमने पहले भी कहा है कि हाईकमान के फैसले का पालन करेंगे। अगर बुलाया गया तो दिल्ली भी जाएंगे।”
शिवकुमार बोले—‘मुझे कोई पद नहीं चाहिए’
इसी विवाद पर डिप्टी CM शिवकुमार ने भी शुक्रवार को मीडिया से कहा था—
“मुझे कुछ नहीं चाहिए। मैं किसी जल्दी में नहीं हूं। मेरा फैसला पार्टी करेगी। मैं किसी समुदाय की राजनीति नहीं करता। कांग्रेस ही मेरा समुदाय है और मुझे सभी वर्गों से प्यार है।”
क्या बदलेगी कर्नाटक की सियासत?
कांग्रेस सरकार बनने के बाद से ही कर्नाटक में सत्ता संतुलन को लेकर चर्चाएं गर्म हैं। डिप्टी CM DK शिवकुमार पहले दिन से ही बड़े कद की मांग करते रहे हैं, जबकि सिद्धारमैया अनुभवी नेता और हाईकमान के विश्वस्त माने जाते हैं।







