
gmedianews24.com/मुंबई। मराठा आरक्षण आंदोलन के नेता मनोज जरांगे का मुंबई के आजाद मैदान में शुरू हुआ अनशन शुक्रवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। जरांगे बुधवार को जालना से निकले थे और 29 अगस्त को आजाद मैदान में भूख हड़ताल पर बैठ गए। उन्होंने साफ कहा है कि जब तक मराठा समुदाय की मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक वे आंदोलन से पीछे नहीं हटेंगे।
जरांगे ने सरकार को चेतावनी दी है कि यदि मराठा समाज को शिक्षा और नौकरियों में आरक्षण देने के फैसले में देरी हुई, तो वे अगले दो दिनों में पानी पीना भी बंद कर देंगे। उनका कहना है— “हम अपना हक मांग रहे हैं, यह हमारी आखिरी लड़ाई है।”
उनकी प्रमुख मांग है कि सभी मराठाओं को ओबीसी वर्ग के तहत कुनबी के रूप में मान्यता दी जाए, ताकि उन्हें शिक्षा और नौकरी में आरक्षण मिल सके।
शुक्रवार को छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस पर सैकड़ों समर्थक जुटे और कई प्रदर्शनकारियों ने अपनी गाड़ियों में ही रात गुजारी। आंदोलन को देखते हुए प्रशासन सतर्क है और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।







